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NIA ने नाकाम की देश में बड़े हमले की साजिश, निशाने पर थे कई बड़े नेता

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राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने देश में बड़े हमले की साजिश को नाकाम कर दिया है। NIA ने दिल्ली और यूपी में ताबड़तोड़ 17 जगहों पर छापेमारी की है। इस कार्रवाई में 150 से ज्यादा अधिकारी शामिल थे। एनआईए ने 10 संदिग्धों को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में पता चला है कि इनके निशाने पर बड़े नेता और संस्थान थे। छापेमारी के दौरान 100 से ज्यादा मोबाइल फोन, भारी मात्रा में विस्फोटक सामान और देसी रॉकेट लॉन्चर जैसी चीजें मिली हैं।

NIA के आईजी आलोक मित्तल(Alok Mittal)  ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। उन्होंने बताया कि छापेमारी के बाद 16 लोगों से पूछताछ की गई, जिसके बाद 10 संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया। पांच को दिल्ली और पांच को यूपी से गिरफ्तार किया गया है। NIA ने दिल्ली के जाफराबाद से चार लोगों को गिरफ्तार किया। एक संदिग्ध को अमरोहा से गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार किए गए लोगों की उम्र 20-30 साल के बीच है। एक महिला को भी हिरासत में लिया गया है, उससे पूछताछ के बाद ही स्थिति साफ होगी।

NIA के मुताबिक, मॉड्यूल का सरगना मुफ्ती सुहैल है। सुहैल को अमरोहा से गिरफ्तार किया गया है। सुहैल जिले की मस्जिद में मौलवी है और वो दिल्ली के जाफराबाद का रहने वाला है। कुछ स्थानों पर अभी भी तलाशी चल रही है।

सभी संदिग्ध विदेशी व्यक्ति के संपर्क में थे। आतंकी संगठन आइएस से प्रभावित इन लोगों का हैंडलर विदेशी था। ये लोग आपस में बातचीत करने के लिए whatsapp और टेलीग्राम के माध्यम से बातचीत करते थे। NIA ने बताया कि इन लोगों की बहुत सारे बम बनाने की योजना थी। बड़े पैमाने पर अलार्म घड़ी और पाइप बरामद किए गए हैं। जिससे पता चलता है कि ये पाइप बम बनाने की फिराक में थे। ये लोग सीरियल ब्लास्ट की साजिश रच रहे थे। साथ ही, इनकी रिमोट कंट्रोल और आत्मघाती हमला करने की भी योजना थी।

छापेमारी में कई चीजें ऐसी मिली हैं जो चौंकाने वाली है। NIA ने 100 मोबाइल फोन, 135 सिम कार्ड और बड़ी मात्रा में बैटरी बरामद की गई है। इनके पास से पोटेशियम नाइट्रेट और भारी मात्रा में विस्फोटक भी बरामद किया गया। वहीं जाफराबाद से ग्रेनेड लॉन्चर, 7 पिस्टल और तलवार भी बरामद की गई हैं। इन सबके अलावा ISIS का बैनर भी बरामद हुआ है। NIA ने बताया कि 12 पिस्टल, 25 किलो केमिकल और साढ़े सात लाख रुपये कैश भी मिला है।

सभी संदिग्धों का बैकग्राउंड अलग-अलग है। इनमें से सिविल इंजीनियर और वेल्डिंग वर्कशॉप में काम करने वाले भी हैं।

मेरठ जिले में किठौर के राधना में भी एनआईए ने बुधवार सुबह छापेमारी की। यहां से भी एनआईए ने एक संदिग्ध को गिरफ्तार किया है। किठौर के ही ललियाना से चार संदिग्धों को भी एनआईए उठा ले गई है। इन सभी को अमरोहा में पकड़े गए आईएसआईएस के स्लीपर मॉड्यूल का साथी बताया जा रहा है।

समाचार एजेंसी एएनआई ने NIA का एक बयान जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि ISIS के मॉड्यूल ‘हरकत उल हर्ब ए इस्लाम’ से जुड़े मामलों को लेकर उत्तर प्रदेश और दिल्ली में 16 जगहों पर छापेमारी की जा रही है।

इससे पहले बुधवार सुबह खबर आयी कि अमरोहा जिले के नोगावा सादात के गांव सैदपुर इम्मा निवासी तीन सगे भाइयों के आतंकी संगठन से जुड़ा होने के शक में हिरासत में लिया है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल व एटीएस ने उन्हें घर में नजरबंद कर लिया है तथा पूछताछ जारी है। जिले में अलर्ट जारी कर दिया गया है।

मामला नोगावा सादात के गांव सैदपुर इम्मा से जुड़ा है। यहां पर शहीद अहमद का परिवार रहता है। वह नगर कोतवाली क्षेत्र में धनोरा अड्डे पर वेल्डिंग की दुकान करता है। पास के ही मुहल्ला इस्लाम नगर में भी उसका मकान है। बुधवार सुबह दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल व एटीएस की टीम एसपी डॉ विपिन टाडा से मिली तथा सैदपुर इम्मा में शहीद अहमद के घर छापा मारने के लिए स्थानीय पुलिस का सहयोग लिया।

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